CG Box News Blog Badi Khabar सीआरपीएफ सब इंस्पेक्टर बना साइबर ठगी का शिकार, “डिजिटल अरेस्ट” के नाम पर गंवाए ₹22 लाख
Badi Khabar

सीआरपीएफ सब इंस्पेक्टर बना साइबर ठगी का शिकार, “डिजिटल अरेस्ट” के नाम पर गंवाए ₹22 लाख

CRPF Sub-Inspector loses ₹22 lakh in digital arrest scam in Ambikapur, Chhattisgarh.

"Fake telecom officer, fake police call, real loss! CRPF SI duped of ₹22 lakh in digital arrest scam. #OnlineScam #CRPFFraud #CyberSecurity"

राम कुमार यादव, अंबिकापुर।
साइबर ठगी के मामलों में तेजी से उभार देखने को मिल रहा है और अब इसकी चपेट में सुरक्षाबल के जवान भी आ रहे हैं। गांधीनगर थाना क्षेत्र में पदस्थ सीआरपीएफ के सब इंस्पेक्टर आर. महेंद्र एक हाईटेक साइबर जाल में फंस गए और उन्होंने ₹22 लाख रुपए गवां दिए।

ठगों ने खुद को टेलीकॉम विभाग, दिल्ली का अधिकारी बताकर कॉल किया और झूठी कहानी गढ़ी कि उनके आधार कार्ड से फर्जी सिम कार्ड जारी हुआ है, जो अवैध गतिविधियों में इस्तेमाल हो रहा है। डर और दबाव में लाकर कहा गया कि उन्हें दो घंटे के भीतर “डिजिटल अरेस्ट” किया जा सकता है।

सब इंस्पेक्टर को दिल्ली पुलिस, कोर्ट और साइबर विभाग के नाम पर फर्जी वीडियो कॉल्स और दस्तावेज दिखाए गए, जिससे वे भ्रमित हो गए। डर के कारण उन्होंने ठगों द्वारा बताए गए बैंक खातों में धीरे-धीरे ₹22 लाख ट्रांसफर कर दिए।

मामले की शिकायत गांधीनगर थाना में की गई है और पुलिस ने FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है

Exit mobile version