रायपुर। छत्तीसगढ़ में आज का दिन इतिहास रचने वाला है। नक्सल प्रभावित बस्तर क्षेत्र में देश का सबसे बड़ा नक्सली आत्मसमर्पण हो रहा है। 200 से अधिक नक्सली मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के समक्ष अपने हथियार डाल रहे हैं, जिससे माओवाद के खिलाफ राज्य सरकार की मुहिम को बड़ी सफलता मिल रही है।
जगदलपुर के पुलिस लाइन में हो रहे इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री व गृह मंत्री विजय शर्मा, बस्तर रेंज आईजी सुंदरराज पी समेत पुलिस और प्रशासन के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा – विकास की राह पर लौटें नक्सली
रायपुर से रवाना होने से पहले सीएम विष्णुदेव साय ने बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा, “हमने हमेशा नक्सलियों से हथियार छोड़कर विकास की मुख्यधारा में लौटने का आह्वान किया है। जो आत्मसमर्पण करेंगे, उन्हें हमारी सरकार की पुनर्वास नीति का पूरा लाभ मिलेगा।”
खाली होगा माड़ डिविजन – नक्सलियों का गढ़ हिलेगा
जानकारी के अनुसार, आत्मसमर्पण करने वालों में एक सेंट्रल कमेटी मेंबर, दो दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी मेंबर, 15 डिविजनल कमेटी मेंबर, एक माड़ एरिया कमेटी मेंबर, और 121 अन्य कैडर के माओवादी शामिल हैं। इनमें नक्सली प्रवक्ता रूपेश का नाम भी बताया जा रहा है।
यह आत्मसमर्पण माओवाद के सबसे सशक्त गढ़ माड़ डिविजन को लगभग खाली कर देगा, जिससे सुरक्षा बलों को बड़ी रणनीतिक बढ़त मिलेगी।
