Chhattisgarh: आदिवासी मुद्दों को आवाज़ देना आसान नहीं, थमीर कश्यप जैसे पत्रकारों का संघर्ष

रायपुर। भारत में स्थानीय मुद्दों और खासकर आदिवासी समुदायों की कहानियों को राष्ट्रीय मीडिया तक पहुँचाना अब भी एक बड़ी चुनौती है। स्वतंत्र पत्रकार थमीर कश्यप जैसे कई पत्रकारों का अनुभव बताता है कि दिल्ली जैसे बड़े मीडिया संस्थानों में बैठे संपादकों को इन कहानियों की अहमियत समझाना बेहद कठिन होता है। अक्सर जमीनी स्तर … Continue reading Chhattisgarh: आदिवासी मुद्दों को आवाज़ देना आसान नहीं, थमीर कश्यप जैसे पत्रकारों का संघर्ष